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भारत में कुछ नियम-कानून ऐसे भी हैं जो संविधान के बाहर हैं, और इन्हें हर भारतीय फॉलो करता है

कुछ असूल और नियम इंसानों खुद के बनाये हुए होते हैं, और यह देश के कानून और संविधान में दर्ज नही होते, लेकिन हर इंसान इन्हें फॉलो करता है.

बात यहां आज कानून और नियम असूलों की हो रही है तो , यहां कानून पर चर्चा करना भी जरूरी हो जाता है. भारत देश में जितने भी प्रकार के नियम-कानून हैं वो संविधान नामक पुस्तक में दर्ज हैं. उनके अनुसार ही भारत के लोगों को चलना पडता है. लेकिन समाज में कुछ ऐसे भी अलग-अलग प्रकार के नियम और असूल हैं, जो एक प्रकार से समाज का हिस्सा बन चुके हैं. हम आज कुछ ऐसे ही कुछ नियमों को बताने जा रहें है जो लगभग हर इंसान निभाता आ रहा है.

ये हैं वो नियम-असूल जो लगभग हर इंसान अपनाता है और यह संविधान से बाहर हैं.

(1) जो शराब पीता हो उसके लिए कोक की बोतल- अकसर शादी-ब्याह की पार्टी पर सभी यार-दोस्त इकट्ठे होते हैं. और जहां यार दोस्त इकट्ठे हो जाएं वहां शराब की बोतलें खुलना भी आम बात होती है, पर यहां एक असूल और है, उन दोस्तों में जो शराब नही पीता, उसको साथ में बिठाया जाता है, और उसके लिये कोक की बोतल मंगवा ली जाती है.

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(2) नया फोन लिया, सबसे पहले प्रोटेक्शन- भारतीय लोग अगर देखा जाए तो विदेशी लोगों की तुलना नें पैसों की अहमियत को अच्छे से समझते हैं. अगर कोई नया फोन दुकान से खरीदता है तो, वो सबसे पहले फोन पर ‘ग्लास गार्ड,मोबाइल कवर लगवायेगा उसके बाद ही मोबाइल में सिमकार्ड डालता है. यह भी हमारे समाज में एक नियम बन चुका है.

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(3) कक्षा में लडके-लड़कियां एक साथ नही बैठेंगे- यह करीब 90 के दशक के सभी युवाओं ने देखा होगा कि, जब हम स्कूल में पढ़ने जाते थे तो कक्षा में लडके एक तरफ बैठते थे, और लड़कियां एक तरफ बैठते थे. यह इंसान के उन बनाये हुए बहुत से नियमों मेसे एक है, जिसे हर विद्यार्थी अपनाता आया है.

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(4) घर पे कुछ बनाया है तो, बांट के खाना होगा- भारत में परिवार काफी बड़े-बड़े होते थे. भाई-बहन के छोटी-मोटी बात पर झगडा होता रहता है. लेकिन इन झगड़ों में सबसे बडी वजह होती थी, कि किसी एक ने कोई डिश बनाई और अकेला खा गया, इन झगड़ों से बचने के लिये हर भाई बहन को मिल-बांट कर ही खाना पडता है.

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(5) सब्जी वाले को मिर्च-धनिया मुफ्त देना होगा – भारत में सब्जी विक्रेताओं के लिए, भारत की महिलाओं नें एक खास नियम बना रखा है. सब्जी वाला जो भी सब्जी बेचेगा, उसे सब्जी के साथ मुफ्त में मिर्च-धनिया मुफ्त देना होगा चाहे वो इसे थोडी सी मात्रा में ही दे लेकिन उसे देना जरूर पडेगा.

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तो ये थे भारत के कुछ ऐसे नियम-कानून जो संविधान की किताब से बाहर है, लेकिन लोग इन्हें निभाते जरूर हैं.

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